(महाबालेश्वर सिंह ओल्को गोंडवाना उदय न्यूज प्रतिनिधि साहित्य प्रकोष्ठ द्वारा)
मऊगंज/मध्य प्रदेश) गोंडवाना उदय न्यूज ग्रुप ऑफ इंडिया, १० सितंबर 2023, हररई प्रताप सिंह मऊगंज जिला मे गोंडवाना दरबार का आयोजन किया गया जिस कार्यक्रम में बांकेलाल सिंह मरकाम अध्यक्ष के रूप शामिल थे। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि समाज में ज्ञान और संस्कृति का केन्द्र है जहां बड़ादेव पेनठाना जो हररई प्रताप सिंह जिला मऊगंज मध्य प्रदेश में स्थित है पूजा अर्चना किए, जिस कार्यक्रम में मुख्यअतिथि महा बालेश्वरसिंह ओलको जिला अध्यक्ष सीधी व सह सचिव साहित्य प्रकोष्ठ मध्य प्रदेश भी शामिल थे, विशिष्ट अतिथि के रूप में कुमारी प्रभा सिंह मरावी सदस्य सीधी वरिष्ठ सक्रिय समाज सेवी जिला मऊगंज के उपस्थिति रही। इस कार्यक्रम में गोंड समाज के विभिन्न समस्याओ पर चर्चा किया गया। मुख्य अतिथि व मार्ग दर्शक तिरु महा बालेश्वरसिंह ओलको जी द्वारा बताया गया, कि सभी समस्याओ से मुक्त होने के लिए संगठन में जुड़ने की अवश्यकता है। संगठन में जुड़कर गोंड समाज महा सभा मध्य प्रदेश के मूल उद्देश्य को सही तरीके से पढ़ कर और समझ कर काम करने की जरूरत है जिस संबंध में मार्गदर्शन दिया गया।
संगठित समाज और असंगठित समाज को एक उदाहरण से समझाने का प्रयास किया गया। कांस एक घास है, जिसे एक संगठन में रखने से बहारी (झाड़ू) का रूप बन जाता है और कचरे साफ करने का काम करता है किन्तु जब उसकी बंधन खुल जाती है तो वह खुद कचरे बन जाते हैं । इसी प्रकार से हमारे समाज का दशा वर्तमान समय में दृष्टिगोचर हो रहा है। गोंड समाज का मुखिया व्यवस्था वर्तमान में खतम हो गया है, और लोक तांत्रिक व्यवस्था लागू है। किन्तु जानकारी के अभाव में समाज की व्यवस्था विगडते जा रहा है। गोंड वाना व्यवस्था को पुनः स्थापित करने के लिए समाज के महान क्रांतिकारी चिंतक दादा तिरु बिसन सिंह परतेती जी प्रदेश अध्यक्ष गोंड समाज महा मध्य प्रदेश द्वारा प्रत्येक जिले में जिला कमेटी ,विकास खण्ड कमेटी , सरकिल कमेटी ,जन पद कमेटी ,ग्राम कमेटी का गठन किया जा रहा है, इसके अलावा प्रकोष्ठ कमेटी बनाए गए हैं, जैसे :महिला प्रकोष्ठ, युवा प्रकोष्ठ, भूमका प्रकोष्ठ साहित्य प्रकोष्ठ इत्यादि। उनका प्रयास है। गोंड समाज के लोग चाहे जिस खोह, कंदरा, गली, मोहल्ला, ग्राम, शहर, बाजार में निवास करते होंगे।और चाहे जिस प्रकार के आर्थिक श्रोत के काम मे लगे होंगे, तब भी गोंड समाज के नव निर्माण मे आप सभी देशवासियों का सह योग आपेक्षित है , जिससे गोंड समाज को मूल अस्तित्व में लाकर उनके स्वाभिमान को जागृत किया जा सके और वे गर्व से कह सकें की हम सब गोंड हैं।इस प्रकार से सामाजिक ढांचा खड़ा किया जा रहा है। आशा है कि गोंड समाज के विद्वानों को यह लोक तांत्रिक सामाजिक ढांचा पसन्द आएगा और सामाजिक नेटवर्क से जुड़ कर गोंड समाज के लिए काम करेंगे।